रियान पराग की कप्तानी पर संजय मांजरेकर ने उठाए सवाल, RR पर लगाए पक्षपात के आरोप
रियान पराग की कप्तानी पर उठे गंभीर सवाल
आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स (RR) की कप्तानी रियान पराग को सौंपे जाने के बाद से ही क्रिकेट गलियारों में बहस छिड़ी हुई है। अब पूर्व भारतीय खिलाड़ी और मशहूर कमेंटेटर संजय मांजरेकर ने इस फैसले पर सवाल खड़े करते हुए राजस्थान रॉयल्स प्रबंधन पर ‘पक्षपात’ का आरोप लगाया है। मांजरेकर का मानना है कि पराग को यह मौका उनकी योग्यता से कहीं ज्यादा है।
मांजरेकर की तीखी टिप्पणी
स्पोर्टस्टार के ‘इनसाइट एज’ पॉडकास्ट में बोलते हुए, मांजरेकर ने कहा, ‘यह बहुत अजीब है कि राजस्थान रॉयल्स ने रियान पराग को इतना समर्थन क्यों दिया। मुझे क्रिकेट के दृष्टिकोण से यह बिल्कुल भी समझ में नहीं आता।’ उन्होंने आगे जोड़ा, ‘यह कहना थोड़ा कठोर लग सकता है, लेकिन उन्हें बिना मेहनत किए ही बहुत कुछ मिल गया है। यह राजस्थान रॉयल्स के मामले में एक दिलचस्प स्थिति है।’
रियान पराग का आईपीएल करियर: आंकड़े क्या कहते हैं?
रियान पराग 2019 में 17 साल की उम्र में राजस्थान रॉयल्स से जुड़े थे। तब से वे टीम का एक अहम हिस्सा रहे हैं, लेकिन उनका प्रदर्शन अक्सर निरंतरता की कमी से जूझता रहा है।
- कुल मैच: 94
- कुल रन: 1773
- औसत: 25.69
- स्ट्राइक रेट: 142
- अर्धशतक: 8
पराग का सर्वश्रेष्ठ सीजन 2024 था, जहां उन्होंने 573 रन बनाए थे। इसी प्रदर्शन के दम पर उन्हें भारतीय टीम में जगह भी मिली। हालांकि, इससे पहले और उसके बाद के किसी भी सीजन में वे 400 रनों का आंकड़ा नहीं छू पाए हैं।
आत्मविश्वास या अहंकार?
मांजरेकर ने पराग के स्वभाव पर भी बात की। उन्होंने कहा, ‘पराग अन्य भारतीय खिलाड़ियों से अलग हैं। उनके चलने का अंदाज और उनका आत्मविश्वास काफी अलग है। हालांकि, जब आप उनके करियर को देखते हैं, तो वे अक्सर 14-15 रनों की छोटी लेकिन शानदार पारियां खेलते हैं और फिर उसी शॉट को दोहराते हुए आउट हो जाते हैं। यही उनका खेलने का तरीका है। मुझे लगता है कि उनका अति-आत्मविश्वास उन्हें बार-बार ले डूबता है।’
क्या राजस्थान रॉयल्स की रणनीति सही है?
यह सच है कि संजू सैमसन के जाने के बाद टीम को एक नए नेतृत्व की जरूरत थी, लेकिन मांजरेकर का मानना है कि पराग का चयन जल्दबाजी भरा था। दिलचस्प बात यह है कि रियान पराग की कप्तानी में राजस्थान रॉयल्स फिलहाल अंक तालिका में चौथे स्थान पर है और प्लेऑफ की दौड़ में बनी हुई है। उन्होंने 10 मैचों में 6 जीत दर्ज की हैं।
आईपीएल 2026 में पराग का व्यक्तिगत प्रदर्शन भी अभी तक मिला-जुला रहा है। उन्होंने 10 मैचों में केवल 207 रन बनाए हैं। हालांकि, अपने पिछले मैच में उन्होंने 90 रनों की शानदार पारी खेलकर अपनी लय में वापसी के संकेत दिए हैं।
निष्कर्ष
संजय मांजरेकर का यह बयान एक बार फिर से आईपीएल की ‘कैप्टनसी’ और खिलाड़ियों के चयन पर बहस को जन्म देता है। क्या रियान पराग अपने आलोचकों का मुंह बंद कर पाएंगे और राजस्थान रॉयल्स को खिताब तक ले जा पाएंगे? यह आने वाले मैचों में ही पता चलेगा, लेकिन फिलहाल के लिए, उनकी नियुक्ति एक विवादास्पद विषय बनी हुई है।
(अस्वीकरण: यह लेख क्रिकेट एडिक्टर के लेखकों द्वारा तैयार की गई रिपोर्ट पर आधारित है।)
