IPL 2026: एमएस धोनी युग से आगे बढ़े CSK, रविचंद्रन अश्विन ने दी बड़ी सलाह
आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स का निराशाजनक सफर और प्लेऑफ से बाहर होना
आईपीएल 2026 सीजन चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के प्रशंसकों और प्रबंधन के लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं रहा है। 21 मई को खेले गए सीजन के 66वें मैच में गुजरात टाइटंस (GT) के हाथों मिली 89 रनों की करारी शिकस्त के साथ ही पांच बार की चैंपियन सीएसके का इस सीजन का सफर समाप्त हो गया है। यह सीएसके की लगातार तीसरी हार थी, जिसने उन्हें प्लेऑफ की दौड़ से पूरी तरह बाहर कर दिया। इस निराशाजनक प्रदर्शन के बाद, भारत के दिग्गज ऑलराउंडर और सीएसके के पूर्व खिलाड़ी रविचंद्रन अश्विन ने टीम को भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण सलाह दी है। अश्विन का मानना है कि अब समय आ गया है जब चेन्नई सुपर किंग्स को ‘एमएस धोनी युग’ से आगे बढ़कर एक नई और मजबूत टीम बनाने पर विचार करना चाहिए।
“यह अब धोनी की सीएसके नहीं है” – रविचंद्रन अश्विन का बड़ा बयान
अपने यूट्यूब चैनल पर बात करते हुए, रविचंद्रन अश्विन ने चेन्नई सुपर किंग्स के प्रबंधन से टीम की रणनीति में बड़े बदलाव करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि टीम को आईपीएल 2027 से पहले अपनी प्राथमिकताओं को फिर से तय करना होगा। अश्विन ने खुले तौर पर कहा, “ईमानदारी से कहूं तो, मैं यह खुलकर कहूंगा, सीएसके को गुणवत्ता (Quality) में निवेश करना होगा। उन्हें गुणवत्तापूर्ण क्रिकेटरों को टीम में शामिल करना होगा। मेरा मतलब है, एक बेहतरीन टीम बनाएं जिसमें अनुभव हो।”
इसके अलावा, अश्विन ने इस बात पर जोर दिया कि सीएसके को अब महान महेंद्र सिंह धोनी के प्रभाव से आगे निकलना होगा। उन्होंने कहा, “यह धोनी की चेन्नई सुपर किंग्स नहीं है। बिल्कुल नहीं। वह समय अब बदल चुका है। और आपको यह ध्यान में रखना होगा कि सफलता मिलेगी, लेकिन यह धीरे-धीरे आएगी।” उनके इस बयान से साफ है कि टीम को अब नए नेतृत्व और युवा खिलाड़ियों के इर्द-गिर्द अपनी नई पहचान बनानी होगी।
गेंदबाजी आक्रमण और चेपॉक की परिस्थितियों पर अश्विन का विश्लेषण
अश्विन ने टीम की गेंदबाजी इकाई में विविधता की कमी को रेखांकित किया। उन्होंने प्रबंधन को सलाह दी कि वे अपने गेंदबाजी विभाग, विशेष रूप से तेज गेंदबाजों और स्पिनरों दोनों में विविधता लाएं। अश्विन ने कहा, “गेंदबाजी का अनुभव बहुत मायने रखता है। तेज गेंदबाजों में विविधता होनी चाहिए और स्पिनरों में भी विविधता होनी चाहिए। एक टीम को अच्छे तरीके से तैयार किया जाना चाहिए।”
इसके साथ ही, अश्विन ने चेपॉक (एमए चिदंबरम स्टेडियम) में खेले जाने वाले घरेलू मैचों के लिए चुनी गई टीम पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि चेन्नई की घरेलू पिच के अनुकूल टीम का चयन नहीं किया गया था, जिसके कारण उन्हें अपने ही घर में संघर्ष करना पड़ा। अश्विन का मानना है कि चेपॉक जैसी स्पिन-अनुकूल पिचों पर खेलने के लिए टीम के पास सही संयोजन का होना बेहद जरूरी है, जो इस सीजन में दिखाई नहीं दिया।
शिवम दुबे और कार्तिक शर्मा की अश्विन ने की तारीफ
निराशाजनक सीजन के बावजूद, अश्विन ने टीम के कुछ सकारात्मक पहलुओं पर भी बात की। उन्होंने मध्यक्रम के आक्रामक बल्लेबाज शिवम दुबे और युवा कार्तिक शर्मा के प्रदर्शन की सराहना की। शिवम दुबे के बारे में बात करते हुए अश्विन ने कहा, “ईमानदारी से कहूं तो, शिवम दुबे की बल्लेबाजी चेन्नई के लिए बहुत सकारात्मक रही। लेकिन मेरा एक अवलोकन है। मुझे लगता है कि जो टीम अपने घरेलू मैदान चेपॉक में खेलने के लिए चुनी गई है, वह उनके अनुकूल नहीं है।”
वहीं, कार्तिक शर्मा की तारीफ करते हुए अश्विन ने उनके स्पिन खेलने के अनोखे कौशल को सराहा। उन्होंने कहा, “कार्तिक शर्मा में वह क्षमता है। वह स्पिनर को थोड़ा देर से खेलते हैं, वह इनसाइड-आउट शॉट्स खेलते हैं और बल्लेबाजी करते समय अपने कदमों का इस्तेमाल करते हैं। आज के बल्लेबाजों में, अगर आप उन्हें एक हाथ पर गिनें, तो कितने बल्लेबाजों में बल्लेबाजी करते समय अपने कदमों का उपयोग करने की क्षमता है?”
बिना एमएस धोनी के मैदान पर उतरी सीएसके: एक ऐतिहासिक अनुपस्थिति
आईपीएल 2026 में सीएसके के खराब प्रदर्शन का एक बड़ा कारण उनके पूर्व कप्तान एमएस धोनी का मैदान पर न होना भी रहा। महान विकेटकीपर-बल्लेबाज एमएस धोनी पिंडली की चोट (Calf Strain) के कारण पूरे सीजन से बाहर रहे। शुरुआत में उन्हें केवल पहले दो हफ्तों के लिए बाहर किया गया था, लेकिन वह पूरी तरह से उबरने में असमर्थ रहे और अंततः उन्हें पूरा सीजन मैदान से बाहर बिताना पड़ा।
यह धोनी के शानदार आईपीएल करियर में पहला ऐसा मौका था जब वह पूरे सीजन में एक भी मैच नहीं खेल पाए। उनकी अनुपस्थिति ने न केवल टीम के मध्यक्रम को कमजोर किया, बल्कि मैदान पर उनके रणनीतिक मार्गदर्शन की कमी भी साफ महसूस की गई। रुतुराज गायकवाड़ के नेतृत्व में टीम इस सीजन में दिशाहीन नजर आई और 14 मैचों में से केवल 6 जीत और 8 हार के साथ 12 अंकों पर सिमट गई। उनका नेट रन रेट (NRR) भी बेहद खराब -0.345 रहा, जिसके कारण वे अंक तालिका में सातवें स्थान पर रहे।
आईपीएल 2027 के लिए सीएसके का रोडमैप
इस सीजन में सीएसके के साथ-साथ मुंबई इंडियंस (MI) और लखनऊ सुपर जाइंट्स (LSG) भी प्लेऑफ की दौड़ से बाहर होने वाली शुरुआती टीमें बनीं। पांच बार की चैंपियन सीएसके के लिए यह सीजन एक वेक-अप कॉल की तरह है। अब जब आईपीएल 2027 के लिए रणनीतियां बनाई जा रही हैं, तो अश्विन की सलाह टीम के लिए बेहद कारगर साबित हो सकती है। रुतुराज गायकवाड़ के नेतृत्व में टीम को एक नए सिरे से शुरुआत करनी होगी और धोनी युग के साये से बाहर निकलकर अपनी एक नई पहचान स्थापित करनी होगी।
