रयान पराग के वेपिंग वीडियो पर BCCI का कड़ा रुख: खिलाड़ी से मांगा गया स्पष्टीकरण
रयान पराग के वेपिंग वीडियो पर मचा बवाल: BCCI ने लिया संज्ञान, खिलाड़ी को देना होगा जवाब
भारतीय क्रिकेट और विशेष रूप से इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) हमेशा से ही सुर्खियों में रहता है, लेकिन कभी-कभी खिलाड़ी मैदान के बाहर या ड्रेसिंग रूम के भीतर अपनी हरकतों की वजह से चर्चा में आ जाते हैं। ऐसा ही कुछ मामला राजस्थान रॉयल्स के खिलाड़ी रयान पराग के साथ हुआ है। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ, जिसमें पराग को ड्रेसिंग रूम के अंदर वेपिंग (Vaping) करते हुए देखा जा सकता है। इस घटना ने न केवल प्रशंसकों को चौंका दिया है, बल्कि अब खेल की सर्वोच्च संस्था BCCI ने भी इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी है।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरी घटना 28 अप्रैल को मुल्लानपुर में खेले गए राजस्थान रॉयल्स और पंजाब किंग्स के बीच के मुकाबले के दौरान की है। मैच के दौरान जब राजस्थान रॉयल्स अपनी जीत के लिए रन चेज़ कर रही थी, तब ब्रॉडकास्ट कैमरों ने एक ऐसी तस्वीर कैद कर ली जिसने विवाद खड़ा कर दिया।
रिपोर्ट्स के अनुसार, पारी के 16वें ओवर के दौरान, जब रयान पराग आउट होकर वापस ड्रेसिंग रूम लौट चुके थे, वे अपने साथी खिलाड़ियों ध्रुव जुरेल और यशस्वी जायसवाल के साथ बैठे थे। इसी दौरान कैमरों में यह देखा गया कि पराग एक वेप डिवाइस (Vape Device) का उपयोग कर रहे थे। जैसे ही यह क्लिप सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर साझा की गई, प्रशंसकों और क्रिकेट विशेषज्ञों के बीच बहस छिड़ गई। कई प्रशंसकों ने इसे अनुशासनहीनता करार दिया, जबकि कुछ ने इसे निजी मामला बताया।
BCCI की आधिकारिक प्रतिक्रिया और चेतावनी
लगातार बढ़ते विवाद और सोशल मीडिया पर हो रही आलोचनाओं के बाद, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने आखिरकार अपनी चुप्पी तोड़ी है। बोर्ड ने इस मामले को गंभीरता से लिया है क्योंकि ड्रेसिंग रूम में इस तरह की गतिविधियों को पेशेवर मानदंडों के खिलाफ माना जाता है।
एक BCCI अधिकारी ने ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ से बात करते हुए पुष्टि की कि बोर्ड इस मामले में रयान पराग से आधिकारिक स्पष्टीकरण मांगेगा। अधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “हम इस मुद्दे पर रयान से स्पष्टीकरण मांगेंगे, क्योंकि वेपिंग की अनुमति नहीं है। उनके द्वारा दिए गए जवाब और स्पष्टीकरण के आधार पर, IPL प्रबंधन आगे की कार्रवाई तय करेगा।”
पेशेवर खेल में अनुशासन का महत्व
क्रिकेट जैसे खेल में, जहाँ खिलाड़ी लाखों युवाओं के लिए रोल मॉडल होते हैं, वहां उनके व्यवहार और अनुशासन पर कड़ी नजर रखी जाती है। ड्रेसिंग रूम को खेल का एक पवित्र स्थान माना जाता है जहाँ रणनीति बनाई जाती है और टीम की एकता को बढ़ावा दिया जाता है। ऐसी जगहों पर प्रतिबंधित उपकरणों का उपयोग करना न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि यह टीम की छवि पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है।
रयान पराग पिछले कुछ समय से अपने शानदार प्रदर्शन के कारण चर्चा में रहे हैं, लेकिन इस तरह के विवाद उनके करियर की छवि को प्रभावित कर सकते हैं। BCCI का सख्त रुख यह दर्शाता है कि बोर्ड खिलाड़ियों के आचरण को लेकर कोई समझौता करने के मूड में नहीं है।
आगे क्या हो सकता है?
अब सभी की नजरें रयान पराग के जवाब पर टिकी हैं। यदि पराग यह साबित करने में विफल रहते हैं कि उनका कार्य नियमों के दायरे में था, तो उन पर भारी जुर्माना लगाया जा सकता है या उन्हें कुछ मैचों के लिए निलंबित भी किया जा सकता है। IPL की आचार संहिता (Code of Conduct) बहुत सख्त है और किसी भी प्रकार के नशीले पदार्थों या प्रतिबंधित उपकरणों का उपयोग अनुशासनहीनता की श्रेणी में आता है।
- घटना की तारीख: 28 अप्रैल, IPL 2026
- स्थान: मुल्लानपुर (RR बनाम PBKS)
- विवाद का कारण: ड्रेसिंग रूम में वेपिंग करना
- BCCI का कदम: लिखित स्पष्टीकरण की मांग
फिलहाल, राजस्थान रॉयल्स के खेमे में इस घटना को लेकर सन्नाटा है और प्रशंसक यह जानने के लिए उत्सुक हैं कि बोर्ड इस मामले में क्या अंतिम फैसला सुनाता है। क्या यह महज एक गलती थी या नियमों की अनदेखी? इसका जवाब जल्द ही सामने आने की उम्मीद है।
